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પ્રધાનમંત્રી વિશ્વકર્મા યોજના એ " Ministry of Micro, Small & Medium Enterprises " ના હેઠળ આવતી યોજના છે. પ્રધાનમંત્રી વિશ્વકર્મા યોજના ખાસ કરીને પારંપરિક શિલ્પકારો અને કારીગરોની સહાયતા માટે બનાવેલી યોજના છે.

CSC Culture Survey Process
आज हम सीएससी के नए प्रोजेक्ट कल्चर सर्वे के बारे में विशेष से चर्चा करेंगे , मिनिस्ट्री ऑफ कल्चर ने , भारत के ग्रामीण सांस्कृतिक मानचित्रण पर एक राष्ट्रीय मिशन स्टार्ट किया है , जिसका नाम “ मेरा गांव , मेरी धरोहर ” का नाम दिया है, जिसे हम कल्चर सर्वे कहेंगे, और उस सर्वे का काम सीएससी को दिया है, और हमें हर एक गांव में जाकर, गांव के लोगों को मिलकर यह सर्वे को पूरा करना है , कल्चर सर्वे क्या है , और किस तरह से सर्वे करें.
कल्चर सर्वे विडिओ प्रोसेस
कल्चर यानी की संस्कृति ,संस्कृति एक छत्र शब्द है जो मानव समाजों में पाए जाने वाले सामाजिक व्यवहार और मानदंडों के साथ-साथ इन समूहों में व्यक्तियों के ज्ञान, विश्वास, कला, कानून, रीति-रिवाजों, क्षमताओं और आदतों को शामिल करता है।
हमें ग्रामीण स्तर पर विभिन्न सांस्कृतिक पहलुओं को निम्नलिखित मुद्दों पर संस्कृति यानि कल्चर सर्वे करना है।
➤ Beliefs : मान्यता
मान्यता सिद्धांतों या सिद्धांतों का एक समूह है , जो एक साथ एक धर्म, दर्शन या नैतिक संहिता का आधार बनता है। एक विश्वास प्रणाली में परस्पर सहायक विश्वासों का एक समूह शामिल होता है। ऐसी किसी भी प्रणाली की मान्यताएं धार्मिक, दार्शनिक, वैचारिक या इनमें से एक संयोजन हो सकती हैं। यह रीति-रिवाजों, आदर्शों, अनुष्ठानों, धार्मिक प्रथाओं और पूजा के विभिन्न तरीकों को संदर्भित करता है।
ये रीति-रिवाज जीवन चक्र से भी संबंधित हो सकते हैं। जैसे की जन्म, यौवन (मासिक धर्म), विवाह, मृत्यु आदि जैसी प्रमुख घटनाओं से संबंधित।
बिलीफ में गांव की मान्यताये के बारे में जानना है लिखना है और उस चीज का फोटो और विडिओ सर्वे में अपलोड करना है |
➤ Traditional Food : पारम्परिक खुराक
पारंपरिक खाद्य पदार्थ ऐसे खाद्य पदार्थ और व्यंजन हैं । जो पीढ़ियों से चले आ रहे हैं या जिनका सेवन कई पीढ़ियों से किया जा रहा है।
राष्ट्रीय व्यंजन, क्षेत्रीय व्यंजन या स्थानीय व्यंजनों में पारंपरिक खाद्य पदार्थों की ऐतिहासिक मिसाल हो सकती है। कुछ पारंपरिक खाद्य पदार्थों में भौगोलिक संकेत और पारंपरिक विशिष्टताएं होती हैं। उदाहरण: बिरयानी पूरे देश में बनाई जाती है लेकिन क्षेत्र के अनुसार भिन्नताएं होती हैं। हैदराबादी बिरयानी लखनऊ में मिलने वाली बिरयानी से अलग है- हमें इन सूक्ष्म अंतरों पर ध्यान देना होगा।
गांव की स्थानिक खाना बनाने की विधि , प्रथाए , धार्मिक विधि और वे जिस तरह का खाना खाते है , उसमे युझ होने वाली विशेष सामग्री , त्यौहार , समारोह और धार्मिक विधि में उसके कया जुडाव हैं , वो हमें सर्वे में कवर करना है
➤ Traditional Dress and Ornaments : पारंपरिक पोशाक और आभूषण
पारम्परिक पोशाक और आभूषण यानि योग्य समूहों को पहचानने के लिए पारम्परिक पोशाक , वस्त्र , गहने और सहायक उपकरण के रूप में परिभाषित किया जा सकता है।
वाक्यांश पारंपरिक पोशाक या पोशाक अक्सर जातीय, क्षेत्रीय और लोक पोशाक के साथ एक दूसरे के स्थान पर प्रयोग किया जाता है।
उदाहरण के लिए : कच्छ की एम्रोडरी , भारत में कच्छक कृषि का एक कला हस्तशिल्प, और कपड़ा हस्तशिल्प है।
हम जिस गांव में सर्वे के लिए गए है वहाँ के लोगो का मुख्य पारम्परिक पोषाक ओर आभूषण क्या है ये भी लिखना है और उनके फोटो भी खींचना है और ३० सेकंड का एक छोटा विडिओ क्लिप भी बनाना है।
➤ Heritage Places : विरासत स्थल
मुख्य रूप से निर्मित विरासत, कोई भी संरचना, निर्माण या स्मारक, परिदृश्य या कोई ट्यूमुलस या इंटरमेंट की जगह, या कोई गुफा, रॉक-मूर्तिकला, शिलालेख या मोनोलिथ जो ऐतिहासिक, पुरातत्व या कलात्मक रुचि का है , और जो कम से कम १०० वर्ष से अस्तित्व में है । जैसे की निर्मित विरासत में पुरातात्विक स्थल, ऐतिहासिक स्मारक , वास्तुकला, पूजा स्थल और कब्रिस्तान , स्मारक , छतरियां, कारखाने और बाड़, घर, बावड़ी, कुंड, किला संरचनाएं, कोस मीनार, पारंपरिक वास्तुशिल्प तत्व, पवित्र उपवन और अन्य प्राकृतिक विरासत स्थल आदि शामिल हैं। . वो सारी चीजे हेरिटेज के ऑप्शन में हम ले सकते है , बस इतना ख्याल रखना है की वो सारी चीजे १०० साल या उसके ऊपर के सालो से अस्तित्व में हो ,
इस तरह हमें हेरिटेज साइड का विजिट करना है , और उसके भी फोटो और 30 सेकण्ड का छोटा विडिओ क्लिप बनाना है और अपलोड का करना है।
➤ Festivals and fairs : त्यौहार और मेले
➥ त्यौहार : त्योहारों की विशेषता उनके सांस्कृतिक या धार्मिक संघों से होती है , जो आम तौर पर स्मरणोत्सव होते हैं और, कभी-कभी, मण्डली , दिवाली, रमजान, छठ, पोंगल, होली ऐसे त्योहारों के कुछ सामान्य उदाहरण हैं। ये त्यौहार धार्मिक, सामाजिक या भौगोलिक समूहों से संबंधित होने का एहसास देते हैं। वे आम तौर पर परंपराओं के एक विशेष सेट से जुड़े होते हैं और लोगों के लिए मनोरंजन प्रदान करते हैं। उदाहरण के लिए, होली का त्योहार, भारत में हिंदू वसंत त्योहार, रंगों के साथ खेलने की परंपरा से जुड़ा है।
ये सब हमारे त्यौहार के बारे में है , आगे अब मेलो के बारे में जानते है।➥ मेले : अगर हम मेले की परिभाषा की बात करे तो , मेले को सामान्य अर्थों में विभिन्न मनोरंजन या व्यावसायिक गतिविधियों के लिए लोगों के जमावड़े के रूप में वर्णित किया जा सकता है , उदाहरण के लिए, राजस्थान में पुष्कर का मेला एक मेला है , बार-बार होने वाली हाट (साप्ताहिक, मासिक आदि) को भी नोट किया जा सकता है।
इस तरह गांव के लोगो से पूछकर हमें उनके गांव के त्यौहार और मेलो के बारे में सही जानकारी प्राप्त कर सकते है।
➥ हम त्यौहार और मेलो के बारे में गांव के लोगो से क्या पूछे , जिससे हमें सही जानकारी प्राप्त हो सके ,
पहला सवाल : गांव के मेलों/त्योहारों और समारोहों का नाम और विवरण पूछे ?
दूसरा सवाल : उत्सव में कौन भाग लेता है ?
तीसरा सवाल : उत्सव का आयोजन कौन करता है ?
चौथा सवाल : इस अवसर के लिए तैयार किया गया कोई विशिष्ट व्यंजन ?
पांचवा : यदि संभव हो तो , गांव के प्रसिद्ध व्यक्ति के साथ संक्षिप्त इंटरव्यू वीडियो ले
➥ पारंपरिक कला और शिल्प : अगर हम पारम्परिक कला के बारे में जाने तो प्रदर्शन कलाएं कला रूपों को संदर्भित करती हैं l जहां कलाकार कलात्मक अभिव्यक्ति के उपकरण के रूप में अपनी आवाज, शरीर, साथ ही निर्जीव वस्तुओं का उपयोग करते हैं। इसमें संगीत, रंगमंच, नृत्य और कठपुतली जैसे सभी कला रूपों को शामिल किया गया है। , इसमें कबड्डी, जल्लीकट्टू, सिलंबम आदि जैसे पारंपरिक खेल भी शामिल हो सकते हैं।
➤ Famous Personalities : प्रसिद्ध व्यक्तित्व
प्रसिद्ध व्यक्तित्व हम गांव में उसे कह सकते है, जो जिसका प्रसिद्ध और प्रमुख व्यक्तित्व हो , जिसमे हम गांव के उत्कृष्ठ पुरुषो और महिलाओ को शामिल कर सकते है , जो समुदाय के इतिहास और विकास में उनके महत्वपूर्ण योगदान के लिए जाने जाते हैं।
जो किसी विशेष क्षेत्र में उनके योगदान के माध्यम से वे अपने ग्राम समुदाय के भीतर और बाहर पहचाने जाते हैं, और अपने गांव की पहचान के प्रतीक बन जाते हैं।
वे कलाकार (नर्तक, संगीतकार, कलाकार), मास्टर-शिल्पकार, सामुदायिक नेता, पर्यावरणविद, राष्ट्रीय/राज्य पुरस्कार विजेता, युद्ध नायक आदि हो सकते हैं, जो अपने-अपने क्षेत्रों में महत्वपूर्ण योगदान के लिए जाने जाते हैं।
तो हम गांव में ,इस प्रकार की केटेगरी वाले पुरुष और महिलाओ को हम ,फेमस पर्स्नालिटी के ऑप्शन में ले सकते है , उनके भी फोटोग्राफ और विडिओ मिल सके तो जरुरु अपलोड करना है।
तो हम गांव में फेमस पर्स्नालिटी यानि प्रसिद्ध व्यक्तित्व वाले व्यक्ति के बारे में जानकारी कैसे प्राप्त करे ?
अगर गांव के लोग के अनुसार ,ऐसा कोई व्यक्ति गांव में है,
- तो पहले सवाल में लोगो से ,उन प्रसिध्द व्यक्ति का नाम पूछे।
- दूसरा, उनका संक्षिप्त व्यक्तिगत विवरण , और योगदान पूछे , और साथ में वर्ष/अवधि भी पूछे के वो कब से इस कार्य में जुड़े है।
- तीसरा , उनसे जुडी दन्त कथाएँ ,एवं कहानिया की जानकारी प्राप्त करे।
- चौथा , उनसे संबंधित व्यक्ति , या परिवार (यदि वे उपस्थित हों) तो उनसे मिलकर , उनकी डिटेल ले।
- पांचवा , उन नायक/नायकों से जुड़ी कोई भी , दृश्य-श्रव्य रिकॉर्डिंग ,स्थिर छवियां ,दस्तावेज इतिहास को प्राप्त करे।
- छठा और आखरी में , यदि संभव हो तो , उस प्रसिद्ध व्यक्ति के साथ संक्षिप्त इंटरव्यू वीडियो ,कैप्चर करे।
इन सब बातो को ध्यान पे रखकर हम गांव में फेमस पर्स्नालिटी यानी , प्रसिद्ध व्यक्तित्व वाले व्यक्ति के बारे में ,अच्छे से सर्वे में लिख सकते है।
➤ Prominent Artists : प्रमुख कलाकार
कलाकार, शिल्पकार, लेखक और मास्टर-शिल्पकार किसी विशेष कला और शिल्प के निर्माण, प्रदर्शन या प्रदर्शन से संबंधित गतिविधि में लगे हुए हैं।
उदाहरण के लिए, प्रदर्शन कला (जैसे संगीत, रंगमंच, नृत्य और कठपुतली, कहानी सुनाना, पारंपरिक खेल) और दृश्य और भौतिक कलाओं (जैसे मूर्तिकला, नक्काशी, पेंटिंग, डिजाइन, वस्त्र, धातु का काम, खिलौना बनाना) के क्षेत्र में कलाकार। साहित्य, फोटोग्राफी और फिल्म)।
संस्कृति मंत्रालय कलाकारों का एक राष्ट्रीय रजिस्टर विकसित करना चाहता है ताकि वे अपनी कला/शिल्प श्रेणी से संबंधित किसी भी आगामी राष्ट्रीय या राज्य स्तरीय योजनाओं से लाभान्वित हो सकें।
तो हम गांव में प्रोमिनेन्ट आर्टिस्ट
यानि प्रमुख कलाकार के बारे में जानकारी कैसे प्राप्त करे?
अगर गांव के लोग के अनुसार ऐसा
कोई व्यक्ति गांव में है,
तो पहले सवाल में लोगो से उन प्रमुख
कलाकार व्यक्ति का नाम पूछे
दूसरा उनका सम्पर्क विवरण ले.
तीसरा, उनका संक्षिप्त व्यक्तिगत
विवरण और योगदान पूछे और साथ में वर्ष/अवधि भी पूछे के वो कब से इस कार्य में जुड़े
हुए है ?
चौथा उन से जुडी दंतकथायें और
कहानियों के बारे में जाने .
पांचवा , उनसे संबंधित व्यक्ति
या परिवार (यदि वे उपस्थित हों) तो उनसे मिले
छठा और आखरी में उन नायक/नायकों
से जुड़ी कोई भी दृश्य-श्रव्य रिकॉर्डिंग स्थिर छवियां, दस्तावेज इतिहास को प्राप्त
करे
इन सब बातो को ध्यान पे रखकर हम गांव में प्रोमिनेन्ट आर्टिस्ट यानी, प्रमुख कलाकार व्यक्ति के बारे में डिटेल से जानकारी प्राप्त कर सकते है, और एक
सही तरह से सर्वे को पूर्ण कर सकते है।
➤ गाँव का कल्चर सर्वे यानि की गाँव का सांस्कृतिक मानचित्रण कैसे करे ?
➥ उसके लिए हम स्टेप वाइज प्रोसेस देखेंगे ,
तो इस सारे विषयों को कल्चर सर्वे में कवर कर लेना है और गांव के लोगों से मिलकर कल्चर सर्वे की जानकारी देनी है और फिर कल्चर सर्वे के लिए उन लोगो से एक सटीक जानकारी प्राप्त करनी है, एवं सर्वे में कवर सभी जगहों पर विजिट करना है , सारी डिटेल लेनी है और फोटो एवं वीडियो क्लिप बनानी है और उन सभी डिटेल्स को और साथ में खींचे गए फोटोग्राफ्स और 30 सेकंड के वीडियो भी अपलोड करना है , यह सारी डिटेल हमें ऑफलाइन भी अपने पास रखनी है , क्योकि कई बार कोई टेक्नीकल प्रॉब्लम हो तब भी हम फिर से डिटेल को अपडेट या अपलोड कर सके।
धन्यवाद...